News Nation Today

Latest Online Breaking News

PWD के प्रमुख अभियंता (विकास) कैंप में स्टेनो तैनाती पर रोक: सर्किल बाबू श्रवण कुमार पर लगे गंभीर आरोप

Watermark

WhatsApp Icon

15/05/2025 9:29 PM Total Views: 38629

लखनऊ। प्रमुख अभियंता (विकास) एवं विभागाध्यक्ष कैंप में वर्षों से स्टेनो की तैनाती नहीं हो पा रही है, और इसके पीछे सर्किल कार्यालय के एक बाबू, श्रवण कुमार का नाम सामने आ रहा है। सूत्रों के अनुसार, श्रवण कुमार अपने प्रभाव और मिलीभगत के जरिए लगातार स्टेनोग्राफरों की नियुक्ति में अड़ंगा डाल रहे हैं।

हाल ही में आयोजित ग्रीवांस बैठक में स्टेनो संगठन के पदाधिकारियों की उपस्थिति में प्रमुख अभियंता (परिकल्प एवं नियोजन) श्री ए.के. द्विवेदी द्वारा वरिष्ठता के आधार पर 05 स्टेनो के नाम प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए थे। इसके बावजूद, मुख्य अभियंता (मुख्यालय-2) श्री योगेंद्र कुमार और सर्किल के बाबू श्रवण कुमार की कथित मिलीभगत से यह नियुक्ति अब तक लंबित है।

ताजा खबरों को देखने के लिए , यहाँ क्लिक करके हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें

सूत्रों का कहना है कि ट्रांसफर पॉलिसी लागू होने के बाद श्रवण कुमार पर भ्रष्टाचार की नीयत से कार्यप्रणाली में हस्तक्षेप करने के आरोप लगने लगे हैं। इससे पहले, सेवानिवृत्त प्रमुख अभियंता एस.पी. सिंह के कार्यकाल में भी श्रवण कुमार ने विभागाध्यक्ष कैंप के समस्त कार्यों को देखने का आदेश अपने पक्ष में पारित करवा लिया था, जो काफी विवादित रहा।

Read Our Photo Story
यहाँ क्लिक करके हमारे व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें

नियमों के अनुसार विभागाध्यक्ष कैंप में मुख्यालय संवर्ग के बाबू की तैनाती अनिवार्य है, लेकिन नियमों को ताक पर रखकर सर्किल के बाबू श्रवण कुमार द्वारा न केवल यह कार्य संभाला जा रहा है, बल्कि स्टेनो और मुख्यालय के कर्मचारियों की नियुक्ति को भी प्रभावित किया जा रहा है।

इस पूरे मामले ने विभाग के कामकाज और पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्टेनो संगठन ने उच्चाधिकारियों से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है ताकि योग्य कर्मचारियों को उनका उचित स्थान मिल सके और कार्यालय की कार्यप्रणाली सुचारु रूप से चल सके। सूत्रों के मुताबिक विभागाध्यक्ष मुकेश चंद्र शर्मा के उटपटांग आदेशों को लेकर प्रमुख सचिव खासे नाराज हैं।

 


लाइव कैलेंडर

September 2026
M T W T F S S
 123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
282930